टी.बी क्या है? What is Tuberculosis in Hindi?

Login to Health मार्च 23, 2019 Lifestyle Diseases 418 Views

Tuberculosis Meaning in Hindi

ट्यूबरक्लोसिस (टी.बी) को हिंदी में क्षय रोग कहते है। यह बहुत ही ख़तरनाक बीमारी है। टी.बी एक ऐसी बीमारी है जिसकी पहचान आसानी से नहीं कर सकते है। इसके लक्षणों पर ध्यान देने की बहुत जरूरत है। आज विश्व में लाखो लोग (टी.बी) रोग के शिकार हो जाते है जिसके कारण बहुत से लोगो की मृत्यु हो जाती है।

देश में हर 3 मिनट में दो लोग टी.बी से ग्रस्त होकर व्यक्ति अपना दम तोड़ रहा है। टी.बी को मामूली समझने की गलती कभी नहीं करनी चाहिए। हर दिन 30 से 40 हजार लोगो में इसका संक्रमण हो जाता है। टी.बी के बैक्टीरिया सांस लेने दौरान यह शरीर में प्रवेश कर लेता है। किसी व्यक्ति के खासने, छीकने, थूकने के समय व बात करते समय थूक की छोटी छोटी बूंदे हवा में प्रवाहित हो जाती है। जिनमे मौजूद बैक्टीरिया बहुत घंटो तक जीवित रहता है और दूसरे के शरीर में प्रवेश कर नया रोग पैदा करता है।  

ट्यूबरक्लोसिस (टी.बी) क्या है? (What is Tuberculosis(T.B)  in Hindi)

ट्यूबरक्लोसिस (टी.बी) की बीमारी मुख्य रूप से माइकोबैक्टीरियल, ट्यूबक्लोसिस से फैलती है। यह फेफड़ो की सहायता से रक्त में मिल जाता है और शरीर की सभी कोशिकाओं में फ़ैल जाता है, जैसे मस्तिष्क की ऊपरी झिल्ली,आंत्र,मूत्र व प्रजनन के अंग,हड्डियों के जोड़,लिम्फ ग्रंथिया इत्यादि।

यह जीवाणु दूषित पानी और मिट्टी में पाये जाते है। यह जीवाणु हवा के द्वारा एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति में फैलता है।

ट्यूबरक्लोसिस (टी.बी) रोग के कारण ? (Causes of Tuberculosis(T.B) in Hindi)

व्यक्ति के अच्छे खान-पान ना होने के कारण (टी.बी) हो जाता है। इसके कारण कमजोर व्यक्ति में इम्यूनिटी कम होने से जीवाणु शरीर पर हमला करने लगता है। यह इन्फेक्शन कम जगह में फैलता है इसका कारण ज्यादा लोग एक साथ रहते है तो एक दूसरे से यह संक्रमण फैलता है। (टी.बी) का बैक्टीरिया अँधेरे में पनपता है। कोई आयु सीमा नहीं है इस बीमारी के लिए यह किसी भी व्यक्ति को हो सकता है। मधुमेह पीड़ित व्यक्ति (टी.बी) की चपेट में जल्दी आता है व एड्स के रोगी में यह संक्रमण जल्दी फैलता है।स्मोकिंग करने वाली अधिकार व्यक्तियों को (टी.बी) होने का खतरा अत्यधिक होता है कारण स्मोकिंग करते समस्य सांस को अंदर- बाहर करते है जिससे यह जीवाणु उनके शरीर में प्रवेश कर लेता है।

ट्यूबरक्लोसिस (टी.बी) रोग के लक्ष्ण? (Symptoms of Tuberculosis(T.B) in Hindi)

  • ट्यूबरक्लोसिस (टी.बी) और मुँह का कैंसर व ब्रॉन्काइटिस के लक्षण तीनो एक दूसरे से मेल खाते है।
  • कैंसर में व्यक्ति के मुँह से खून आता है और वजन कम होने लगता है बुखार अधिक देखने को नहीं मिलता है।
  • ब्रॉन्काइटिस में व्यक्ति को सांस लेने में समस्या होती है और सांस लेने के दौरान सिटी की आवाज आती है।
  • व्यक्ति को (टी.बी) के रोग में सांस लेने में कोई दिक्कत नहीं होती है किंतु खासी व बुखार आता है।
  • दो हफ्तों से ज्यादा खासी व बुखारआता  है तो समझ जाये (टी.बी) रोग का लक्षण है।
  • (टी.बी) एक संक्रामक बीमारी है इसके प्रभाव में आने वाला व्यक्ति धीरे-धीरे कमजोर होता जाता है।
  • बीमारियों में सामान्य फेफड़ो की टी.बी को समझते है। यह व्यक्तियों के ब्रेन, यूटरस, मुंह, लिवर, किडनी, हड्डी, गाला इत्यादि शरीर के किसी भी भाग में आसानी से पहुंच जाता है।
  • व्यक्ति को खासी व बुखार आता है और भूख में कमी आ जाती है।
  • खासी व बलगम के साथ रक्त आना, शाम को तेज बुखार होना लक्षण है।
  • सर्दी के समय बहुत पसीने आना व खासते समय सीने में दर्द होना (टी.बी) के लक्ष्ण है। अगर यह सब लक्षण नजर आये तो डॉक्टर को जरूर दिखाए।

(टी.बी) रोग के उपचार? (Treatment of Tuberculosis(T.B) Disease in Hindi)

  • (टी.बी) के उपचार के लिए व्यक्ति के सीने का X-ray निकाला जाता है और बलगम, थूक की जांच किया जाता है।
  • (टी.बी) के रोग होने पर दवाइयां शुरू किया जाता है। जिसमे एंटीबायोटिक्स और एंटीबैक्टीरियल दवा की खुराक दी जाती है।
  • रोगी का 6 से 9 महीनो तक इलाज किया जाता है।
  • दवाई का सेवन ठीक से नहीं करने पर शरीर में संक्रमण बढ़ने लगता है इसलिए डॉक्टर द्वारा दिए गये दवाओं को नियमित रूप से ले।
  • (टी.बी) रोग के इलाज के दौरान पीडितब व्यक्ति को पौष्टिक आहार लेना चाहिए व धूम्रपान और शराब पीने से बचे।

(टी.बी) के घरेलु उपचार? (Home Remedies of Tuberculosis(T.B) in Hindi)

  • अखरोट में इम्यूनिटी अधिक होती है इसके सेवन से मरीज ठीक हो जाता है।
  • शरीफा बहुत ही फायदेमंद होता है मरीज के लिए शरीफा के गुदे को निकलकर खाये।
  • ताजा संतरे का सेवन करे जिससे संक्रमण की गति कम होगी।
  • नारियल पानी में केला मिलाकर पिये इससे शरीर में ऊर्जा बढ़ेगी।
  • एक कप प्याज का रस ले और उसमे एक चुटकी हींग डालकर पीये।
  • 150 ग्राम शहद में सही मात्रा में चीनी और गाय का घी मिलाकर मरीज दिन में दो बार चटाये साथ ही गाय और बकरी का दूध पिलाये।

अगर आप ट्यूबरक्लोसिस (टी.बी) से जुडी और जानकारी पाना व इलाज करवाना चाहते है तो अपने नजदीकी स्वाथ केंद्र में जाये और अपने (General Physician)जनरल फिजिशियन डॉक्टर से संपर्क करे।

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