एक्जिमा का आयुर्वेदिक उपचार। Ayurvedic Treatment For Eczema in Hindi.

Login to Health अक्टूबर 21, 2020 Lifestyle Diseases 1099 Views

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एक्जिमा का मतलब हिंदी में (Eczema Meaning in Hindi)

एक्जिमा को दूसरे शब्दो में खुजली की समस्या कहा जा सकता है। एक्जिमा होने पर व्यक्ति के त्वचा और अंगो में लाल चकत्ते, खुजली या जलन जैसी समस्या होने लगती है। कुछ लोगो में खुजली के साथ सूजन की समस्या भी हो जाती है। एक्जिमा खासतौर पर आपके किसी भी अंग के त्वचा को प्रभावित करता है। कुछ लोगो में एक्जिमा की समस्या बिना किसी उपचार व जड़ीबूटी के ठीक हो जाती है। इसके अलाव कुछ लोगो में एक्जिमा बहुत गंभीर और संक्रामक हो जाते है, जिनका सही समय पर उपचार करवाना जरुरी होता है। हालांकि आयुर्वेदिक उपचार एक्जिमा की समस्या को दूर करने में बहुत प्रभावी होता है। चलिए आज के लेख में हम आपको  एक्जिमा का आयुर्वेदिक उपचार के बारे में बताने वाले हैं। 

एक्जिमा का आयुर्वेदिक उपचार क्या हैं ? (Ayurvedic Treatment For Eczema in Hindi)

एक्जिमा के निम्नलिखित आयुर्वेदिक उपचार है। चलिए आगे बताते हैं। 

  • ब्राह्मी का उपयोग ब्राह्मी एक बहुत अच्छी आयुर्वेदिक जड़ीबूटी है, इसमें बहुत औषधीय गुण मौजूद है जो एक्जिमा की समस्या से छुटकारा दिलाते है। ब्राह्मी का नियमित उपयोग करने से त्वचा से संबंधित समस्या कम होती है। जैसे त्वचा में खुजली होना, त्वचा में लालिमा या चकत्ते आदि। इस जड़ीबूटी का उपयोग प्रभावी छेत्र पर कर के कुछ देर छोड़ दे, फिर साफ कर ले। इस प्रक्रिया का उपयोग हफ्ता में दो या तीन बार कर सकते है।
  • नारियल के तेल का उपयोग नारियल के तेल में बहुत से गुणकारी तव पाए जाते है जो खुजली और जलन जैसी समस्या को दूर करता है। त्वचा में उत्पन्न समस्या पर नारियल तेल औषधीय के रूप में काम करता है। आपके त्वचा पर एक्जिमा किस अंग पर है वहा पर नारियल तेल लगा कर छोड़ दे, किंतु धोने के कुछ घंटो पहले लगा दे। सामान्य तौर पर त्वचा में संक्रमण या खुजली की समस्या के लिए नारियल तेल औषधीय की तरह काम करता है। शोध के अनुसार एक्जिमा की समस्या पर नारियल तेल बहुत लाभदायक होता है, क्योंकि यह सूजन और लालिमा से राहत दिलाता है। (और पढ़े – नारियल के स्वास्थ्य लाभ)
  • तुलसी का उपयोग तुलसी एक बहुत अच्छा आयुर्वेदिक उपचार माना जाता है। इसका उपयोग आज से नहीं बल्कि पुराने समय से त्वचा की समस्या के लिए किया जाता है। एक्जिमा की समस्या के लिए तुलसी का उपयोग करना चाहिए। इसके उपयोग से खुजली, जलन, लालिमा की समस्या कम होने लगती है। तुलसी में कुछ ऐसे गुण व एंटीऑक्सीडेंट, एंटी सेप्टिक गुण मौजूद होते है। यह संक्रमण को रोककर त्वचा को बचाव करते है। इसके लिए तुलसी के रस को किसी कपडे में लेकर  प्रभावित त्वचा पर लगाए। इस प्रक्रिया को हफ्ते में दो बार कर सकते है।
  • ओटमील प्रभावी उपचार ओटमील वजन कम करने में प्रभावी तो होता है साथ ही एक्जिमा की समस्या को दूर करने में फायदेमंद रहता है। ओटमील में अच्छी मात्रा में एंटी इंफ्लेमेटरी व एंटी माइक्रोबियल गुण मौजूद होता है जो एक्जिमा के लिए अच्छा माना जाता है। इसका उपयोग आप चाय के रूप में करते है, इसके लिए इसे चाय की तरह बनाकर ठंडा होने दे, बाद में प्रभावित जगह पर 20 मिनट तक लगाकर रख दे। (और पढ़े – ओट्स के फायदे)
  • एलोवेरा जेल का उपयोग एलोवेरा एक आयुर्वेदिक जड़ीबूटी है जिसका उपयोग अनेक तरह की स्वास्थ्य समस्या के लिए किया जाता है। एलोवेरा जेल त्वचा की सेहत को स्वस्थ रखने में मदद करती है। एलोवेरा जेल का उपयोग त्वचा संबंधित समस्या के लिए बड़े पैमाने पर उपयोग किया जाता है। इसमें बहुत से एंटी इंफ्लेमेटरी गुण होता है जो त्वचा की खुजली व संक्रमण को रोकता है। एक्जिमा को ठीक करने के लिए एलोवेरा के जेल का उपयोग रोजाना त्वचा पर करे, ऐसा करने से आपकी समस्या कुछ दिनों में ठीक होने लगेगी। (और पढ़े – एलोवेरा के फायदे और नुकसा)
  • हल्दी गुणकारी हल्दी में एंटी इंफ्लेमेटरी व एंटी बैक्टीरियल गुण मौजूद होता है जो त्वचा के विकारो के साथ अन्य स्वास्थ्य समस्या को दूर करता है। हल्दी का उपयोग त्वचा की सुंदरता को बढ़ाने के लिए उपयोग किया जाता है। इसके अलावा त्वचा में हो रहे खुजली, लालिमा, लाल चकत्ते को कम करने में फायदेमंद होती है। हल्दी एक ऐसी जड़ीबूटी है जो एक्जिमा के लक्षणो को कम करने में मदद करती है। हल्दी का उपयोग करने के लिए आप हल्दी का पेस्ट तैयार कर ले और उसमे थोड़ा गुलाब जल व ताजा दूध मिलाकर प्रभावित अंगो पर लगा दे, कम से कम 15 या 20 मिनट होने पर अच्छे से साफ कर ले। इस प्रक्रिया को सप्ताह में दो बार अपना सकते है। (और पढ़े – हल्दी के फायदे त्वचा के लिए)
  • अलसी एक्जिमा का प्रभावी आयुर्वेदिक उपचार अलसी का बीज बहुत प्रभावी आयुर्वेदिक जड़ीबूटी माना जाता है। यह स्वास्थ्य के लिए लाभदायक होता है साथ ही एक्जिमा की समस्या को ठीक करने में मदद करता है। अलसी में बहुत से औषधीय गुण है इसलिए इसका उपयोग एक्जिमा में करना फायदेमंद होता है। अलसी का अच्छा पेस्ट तैयार कर ले और थोड़ा नींबू का रस मिलाकर प्रभावित अंगो पर लगाकर कुछ देर के लिए छोड़ दे, कुछ समय बाद साफ कर ले। इसके अलावा आप अलसी को तेल की साथ प्रभावित जगह पर लगा सकते है। अलसी एक्जिमा के उपचार में बहुत प्रभावी होता है। (और पढ़े – अलसी के फायदे क्या है)

हमे आशा है की आपके प्रश्न एक्जिमा का आयुर्वेदिक उपचार ? का उत्तर इस लेख के माध्यम से दे पाएं। 

हमारा उद्देश्य केवल आपको लेख के माध्यम से जानकारी देना है। हम आपको किसी तरह दवा, उपचार की सलाह नहीं देते है। आपको अच्छी सलाह केवल एक चिकिस्तक ही दे सकता है। क्योंकि उनसे अच्छा दूसरा कोई नहीं होता है।