जानिए अत्यधिक खाने के विकार की समस्या। Binge Eating Disorder in Hindi

फ़रवरी 13, 2020 Lifestyle Diseases 7473 Views

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Binge Eating Disorder Meaning in Hindi

शादियों और पार्टियों में अक्सर लोग अधिक खाना खा लेते है, किंतु कभी-कभी अधिक खाना खाने से शरीर को किसी तरह का नुकसान नहीं पहुंचाता है। लेकिन रोजाना अत्यधिक खाना खाने की आदत है, तो आपको ईटिंग डिसऑर्डर होने की संभावना बढ़ जाती है। कुछ ऐसे भी लोग होते है जो अधिक खाने पर काबू पाने की कोशिश करते है ताकि इस समस्या से बच सके। हालांकि कुछ लोग काबू करने की कोशिश में नाकाम हो जाते है और खाने की ऐसी तलब उनको होती है की अच्छा खाना दिखते ही शुरू हो जाते है। इस लेख में अधिक खाने से होने वाले विकार के कारण, लक्षण और उपचार के बारे में विस्तार से बताने वाले है।

  • ज्यादा खाने के विकार के कारण क्या है ? (What are the Causes of Binge Eating Disorder in Hindi)
  • ज्यादा खाने के विकार के लक्षण क्या है ? (What are the Symptoms of Binge Eating Disorder in Hindi)
  • ज्यादा खाने के विकार का उपचार क्या है ? (What are the Treatments for Binge Eating Disorder in Hindi)
  • ज्यादा खाने के विकार से बचाव कैसे करें ? (Prevention of Binge Eating Disorder in Hindi)

ज्यादा खाने के विकार के कारण क्या है ? (What are the Causes of Binge Eating Disorder in Hindi)

अधिक खाने का विकार के कारण अभी तक स्पष्ट नहीं है, लेकिन ऐसा माना जाता है यदि परिवार में कोई अधिक खाना खाता है, तो उसे देख कर अन्य लोग भी अधिक खाने लगते है और अधिक खाने के विकार की संभावना बढ़ने लगती है।

  • कुछ लोगो में यह ईटिंग डिस्कोर्डेर अनुवांशिक होता है जो घर में माता पिता से सीखते है कितना भोजन करना है या नहीं।
  • कुछ लोग ऐसे भी होते है जो कम भोजन आदत करने पर तलब रखने पर अधिक भोजन करने लगते है और अपना वजन बढ़ा लेते है।
  • खाने के विकार की समस्या किसी भी उम्र के लोगो को हो सकता है। खासतौर पर युवा लोगो को अधिक देखा जाता है। (और पढ़े – एनोरिक्सा क्या है)

ज्यादा खाने के विकार के लक्षण क्या है ? (What are the Symptoms of Binge Eating Disorder in Hindi)

अधिक खाने के विकार का कोई सटीक लक्षण नहीं है। यदि व्यक्ति का वजन अधिक हो गया है, तो उसके व्यवहार में मानसिक रूप से कुछ लक्षण नजर आ सकते है।

  • जैसे: कुछ समय अकेला खाना पसंद करना।
  • भूख न लगने पर कुछ न कुछ खा लेना।
  • भूख पर पूरी तरह से नियंत्रण खो देना।
  • चिंता और तनाव में रहना।
  • वजन कम करने के लिए डाइटिंग करते रहना।
  • अपनी अधिक खाने की आदत से हताश हो जाना।
  • अपने आप को बहुत लाचार व शर्मिंदा महसूस करना।
  • वजन कम करने में असफल रहना। (और पढ़े – वजन कम करने के उपाय)
  • सामान्य से अधिक खाना लेना।
  • बहुत तेज गति से भोजन करना। अगर आपको अधिक खाने का विकार की समस्या है, तो बिना किसी देरी के अपने पास के चिकिस्तक से संपर्क करें।

ज्यादा खाने के विकार का उपचार क्या है ? (What are the Treatments for Binge Eating Disorder in Hindi)

अधिक खाने के विकार का उपचार करने के लिए व्यक्ति को कम खाने की प्रक्रिया पर काम किया जाता है। यदि भोजन को सही समय और सही मात्रा में किया जाये तो इस बीमारी व वजन बढ़ने से व्यक्ति बच सकता है। बहुत से लोग इस बीमारी से पीड़ित है उनको शर्म व आत्मविश्वास कम होने की संभावना बढ़ जाती है, ऐसे में मनोचिकिस्तक सहायता करते है। अधिक खाने की समस्या को विभिन्न तरीको से उपचार किया जाता है।

  • मनोचिकिस्तक खाने की अधिक आदत को बदलने के लिए अनेको सुझाव देते है। ताकि पीड़ित व्यक्ति अधिक खाने की आदत को कम कर पाए।
  • कुछ मामलो में चिकिस्तक थेरेपी की मदद से व्यक्ति की समस्या को कम करने में उसकी सहायता करता है। जैसे व्यक्ति को अधिक खाने की तलब है उसको कोनगिनिटीवे बिहेवियर थेरेपी आजमाया जाता है। इसके अलावा कुछ लोगो में अन्य संबंधित सुधार करने के लिए पारंपरिक मनोचिकित्सा मदद करते है। यह अधिक खाने की रूचि को कम कर देते है।
  • यदि व्यक्ति तनाव में रहकर अधिक भोजन खाने लगता है, तो ऐसे में डायरेक्टीकल व्यवहार थेरेपी का उपयोग किया जाता है। इसमें तनाव कम करने की कोशिश कर भोजन कम करने की आदत लगाने का प्रयास करते है।
  • इस विकार की कोई खास दवाई नहीं है, लेकिन इनसे संबंधित लक्षणो को कम करने के लिए कुछ दवाओं की खुराक दी जाती है।
  • बहुत लोग से वजन कम करने के लिए विभिन्न तरह के प्रयास करते है जिनमे वह असफल हो जाते है। मरीज को वजन कम करने के बजाय भोजन कम करने की पहले सलाह देते है। ताकि रोजाना कम कैलोरी लेने की आदत बन जाये और ईटिंग डिसऑर्डर को कम कर सके।
  • अधिक खाने के विकार से ग्रस्त लोगो को खुद पर नियंत्रण रखने आना चाहिए। इसके अलावा ज्ञान को बढ़ाने के लिए कुछ किताबे पढ़ने चाहिए ताकि भोजन पर से ध्यान हटा पाए। अपने ध्यान को नियंत्रण में कैसे रखना है यह आपको मनोचिकिस्तक सहायता करते है। (और पढ़े – डिमेंशिया रोग का कारण)

ज्यादा खाने के विकार से बचाव कैसे करें ? (Prevention of Binge Eating Disorder in Hindi)

ज्यादा खाने के विकार से बचाव करने के लिए कोई विशेष तरीका नहीं है। यदि आपको अधिक खाने की समस्या के लक्षण नजर आ रहे है, तो अपने पास के चिकिस्तक से संपर्क करें। चिकिस्तक आपको सही सलाह दे सकते है।

  • अगर आप कुछ दिनों से अधिक खाने लगे है तो उसपर नियंत्रण करना शुरू कर दे।
  • बच्चों को भोजन में बाहर की बेकार चीजों के बजाय घर में बना संतुलित आहार का सेवन समय समय पर करवाए। इसके अलावा सही खाने के तरीके के बारे में शिक्षा दे।
  • यदि आपका बच्चा बहुत खाता है तो आपको बाल चिकिस्तक से इस बारे में बात करनी चाहिए। ताकि बच्चे को अधिक खाने के विकार से बचा सके।
  • अगर आपके परिवार में कोई अधिक खाने की आदत है तो उनको इस बीमारी के बारे में जानकारी दे, ताकि वह ईटिंग डिसऑर्डर की चपेट में आने से बच सके। (और पढ़े – बच्चों में मोटापा क्यों हो जाता है)

अगर किसी व्यक्ति को अधिक खाने के विकार की समस्या है, तो उनको मनोचिकिस्तक (Psychiatrist) से संपर्क करना चाहिए।

हमारा उद्देश्य केवल आपको लेख के माध्यम से जानकारी देना है। हम आपको किसी तरह दवा, उपचार की सलाह नहीं देते है। आपको अच्छी सलाह केवल एक चिकिस्तक ही दे सकता है। क्योंकि उनसे अच्छा दूसरा कोई नहीं होता है। 


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