जानिए मुल्तानी मिट्टी के फायदे और नुकसान। Benefits and Side-Effects of Multani Mitti (Fuller’s Earth) in Hindi

Login to Health जनवरी 8, 2020 Lifestyle Diseases 6766 Views

हिन्दी

Multani Mitti (Fuller’s Earth) Meaning in Hindi

मुल्तानी मिट्टी एक ऐसी मिट्टी है जिसका उपयोग पुराने ज़माने से त्वचा और बालो को सूंदर बनाने के लिए उपयोग किया जाता रहा है। इसमें प्राकृतिक रूप से सूंदर बनाने का गुण मौजूद होता है। इस मिट्टी का उपयोग बहुत से ब्यूटी प्रोडक्ट की कंपनी अपने प्रोडक्ट में उपयोग करती है। इसके अलावा यह मिट्टी का रंग बाकि मिट्टी से अलग होता है। मुल्तानी मिट्टी पाकिस्तान के कुछ स्थानों पर पायी जाती है। इस मिट्टी में बहुत से खनिज होते है जो अधिकार पाउडर में उपयोग किये जाते है। इसमें एंटीऑक्सीडेंट गुण अच्छी मात्रा में होता है जो त्वचा और बालो की समस्या को दूर करता है। चलिए इस लेख में हम आपको मुल्तानी मिट्टी के बारे में विस्तार से बतायेंगे।

  • मुल्तानी मिट्टी के पोषक तत्व ? (What are the Nutrients found in Multani Mitti (Fuller’s Earth) in Hindi)
  • मुल्तानी मिट्टी के फायदे क्या है ? (What are the Benefits of Multani Mitti (Fuller’s Earth) in Hindi)
  • मुल्तानी मिट्टी के नुकसान क्या है ? (What are the Side-Effects of Multani Mitti (Fuller’s Earth) in Hindi)

मुल्तानी मिट्टी के पोषक तत्व ? (What are the Nutrients found in Multani Mitti (Fuller’s Earth) in Hindi)

मुल्तानी मिट्टी में प्राकृतिक तौर बहुत खनिज पाए जाते है, जिनमे कैल्शियम, लोहा, मैग्नीशियम, सिलिका, डोलोमाइड, कैल्साइड, कार्टज आदि शामिल है। इसके अलावा सफाई व तेल अवशोषण करने के लिए एंटीसेप्टिक गुण मौजूद है।

मुल्तानी मिट्टी के फायदे क्या है ? (What are the Benefits of Multani Mitti (Fuller’s Earth) in Hindi)

मुल्तानी मिट्टी के निम्नलिखित फायदे है।

  • बालो को रुसी से छुटकारा दिलाये – बालो में रुसी समस्या आजकल सभी हो रही है क्योंकि वातावरण में प्रदूषण बढ़ने से बालो में रुसी होने लगते है। रुसी का उपचार करने के लिए बहुत ज़माने से मुल्तानी मिट्टी का उपयोग किया जाता है। यह बालो में रुसी को सोखता है और गंदगी को दूर करता है। इसके अलावा सिर के रक्त परिसंचरण को बढ़ावा देता है। मुल्तानी मिट्टी का उपयोग करने के लिए आप चार चम्मच मुल्तानी मिट्टी का पावडर ले, दो नींबू के रस व दो चम्मच शहद, एक कप दही मिलाकर मिश्रण तैयार कर ले। कुछ पानी मिलाकर बालो और सिर की त्वचा पर अच्छे से लगाकर 20 मिनट के लिए छोड़ दे। इसके बाद शैम्पू से बालो की सफाई कर ले। इस प्रक्रिया को हफ्ते में दो बार करे।
  • मुल्तानी मिट्टी के फायदे एक्ने के लिए – अगर आप मुंहासे की समस्या से अधिक परेशान है तो आपको मुल्तानी मिट्टी त्वचा पर लगाना चाहिए। यह त्वचा के तेल को अवशोषित करती है और मुंहासे को ठीक करती है। मुंहासे को कम करने के लिए नीम के पत्तों का पेस्ट बनाले व गाढ़ा करने के लिए गुलाब जल मिला ले। आप कपूर का उपयोग भी कर सकते है।
  • मृत त्वचा को हटाने में मुल्तानी मिट्टी मदद करे – मुल्तानी मिट्टी त्वचा की गंदगी को दूर करने में मदद करता है। मुल्तानी मिट्टी का चेहरे के लिए फेस मास्क लगा ले। कुछ देर बाद साफ पानी से धो ले। जिनकी त्वचा सुखी होती है उनके लिए अत्यधिक प्रभावित करती है। मुल्तानी मिट्टी में शहद मिलाकर ग्लिसरीन मिश्रण कर अपने चेहरे पर पेस्ट लगा ले। इसे सूखने के लिए कुछ देर छोड़ दे। गुनगुने पानी से धो ले। (और पढ़े – नीलगिरि के फायदे त्वचा के लिए)
  • दो मुंहे बालो से बचाव करे – दो मुंहे बालो की समस्या को ठीक करने के लिए मुल्तानी मिट्टी का उपयोग करना चाहिए। मुल्तानी मिट्टी को बालो पर लगा ले और कुछ देर तक छोड़ दे। अच्छे शैम्पू से बाल को धो ले। मुल्तानी मिट्टी से बाल चमकदार और दो मुंहे बाल की समस्या कम हो जाती है। (और पढ़े – हेयर फॉल क्या है)
  • हाथ व पैरो की थकान दूर करने में – अगर आपके हाथ या पैर में चोट लगने से दर्द की समस्या हो रही है तो आप मुल्तानी मिट्टी का पेस्ट तैयार कर दर्द के जगह पर लगा सकते है। मुल्तानी मिट्टी रक्त परिसंचरण को ठीक करता है और पहले से बेहतर बनाता है। यह शरीर में हो रहे थकावट को भी दूर करता है। थकावट को कम करने के लिए मुल्तानी मिट्टी के पेस्ट तैयार कर पानी मिलाकर अंगो पर लगाए। कुछ देर बाद गुनगुने पानी से साफ कर ले।

मुल्तानी मिट्टी के नुकसान क्या है ? (What are the Side-Effects of Multani Mitti (Fuller’s Earth) in Hindi)

मुल्तानी मिट्टी के कोई खास नुकसान नहीं होते है। अधिकांश लोग इसके नुकसान के बारे में सोचकर उपयोग करने से घबराते है। आपको बता दे मुल्तानी मिट्टी प्राकृतिक रूप से हर्बल की तरह कार्य करता है। इस मिट्टी को उपयोग करने से पहले तरीको के बारे में जानकारी रखना आवश्यक होता है।

  • अगर आपकी त्वचा उलझन भरी है तो मुल्तानी मिट्टी आपके लिए सही नहीं है क्योंकि इससे चेहरा सुखी व बेजान हो सकती है। अगर चेहरे को रूखे व बेजान होने से बचाव करना चाहते है तो मिट्टी में दूध व बादाम को मिलाकर उपयोग करे।
  • मुल्तानी मिट्टी ठंडी प्रवित्ति की होती है। यह आपको सर्दी व जुखाम की समस्या दे सकती है। अगर आप सर्दी-जुखाम से पीड़ित है तो उस समय इसका उपयोग न करे। सर्दी के समय करने से सर्दी और बढ़ सकती है।
  • मुल्तानी मिट्टी का उपयोग त्वचा पर जरूर करे।
  • बहुत सी लड़किया ब्यूटी पार्लर में जाकर चेहरे को सूंदर बनाने के लिए बहुत खर्च करती है। अगर पैसो की बचत करना है तो मुल्तानी मिट्टी का उपयोग त्वचा पर करे और चेहरे को अधिक सूंदर बनाये। लेकिन बताये गए निर्देशों के अनुसार उपयोग में लाये। (और पढ़े – किवी के फायदे त्वचा के लिए)

अगर आपको मुल्तानी मिट्टी के उपयोग से त्वचा में किसी तरह की समस्या हो रही है, तो डर्मेटोलॉजी (Dermatology) से संपर्क करें।

हमारा उद्देश्य आपको रोगो के प्रति जानकारी देना है हम आपको किसी तरह के दवा, उपचार, सर्जरी की सलाह नहीं देते है। आपको अच्छी सलाह केवल एक चिकिस्तक दे सकता है क्योंकि उनसे अच्छा दूसरा नहीं होता है।